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जिले के विकास में जनप्रतिनिधियों, प्रशासन के साथ सामाजिक क्षेत्र के अनुभव का होगा उपयोग: राजेन्द्र शुक्ल

केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन में अधिकारी प्रोएक्टिव होकर करें कार्य
औद्योगिक विकास के लिए 1500 एकड़ भूमि पर इंडस्ट्रियल पार्क की स्थापना के निर्देश

शहडोल(ईन्यूज एमपी)-उप मुख्यमंत्री एवं शहडोल जिले के प्रभारी मंत्री श्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि जिले के समग्र विकास के लिए जनप्रतिनिधियों, प्रशासन के साथ-साथ सामाजिक क्षेत्र में कार्य कर रहे अनुभवी व्यक्तियों के अनुभव का प्रभावी उपयोग किया जाएगा। उन्होंने केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन के लिए सभी अधिकारियों को प्रोएक्टिव होकर कार्य करने के निर्देश दिए।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल की अध्यक्षता में जिला विकास सलाहकार समिति की बैठक कलेक्ट्रेट शहडोल के विराट सभागार में आयोजित हुई। बैठक में जिले में संचालित विकास योजनाओं, निर्माण कार्यों एवं जनहित से जुड़े मुद्दों की बिंदुवार समीक्षा की गई।

बैठक में जैतपुर विधायक श्री जयसिंह मरावी, जयसिंहनगर विधायक श्रीमती मनीषा सिंह, ब्यौहारी विधायक श्री शरद जुगलाल कोल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती प्रभा मिश्रा, नगर पालिका अध्यक्ष श्री घनश्याम जायसवाल, जिला योजना समिति सदस्य श्रीमती अमिता चपरा, कलेक्टर डॉ. केदार सिंह, पुलिस अधीक्षक श्री रामजी श्रीवास्तव सहित जनप्रतिनिधि, समिति सदस्य एवं विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने शहडोल नगर, मेडिकल कॉलेज एवं नगरीय निकायों में शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए सोन नदी पर 27 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित एनीकट बैराज निर्माण की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि इसी वर्ष ग्रीष्मकाल में योजना के माध्यम से पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। बैठक में बताया गया कि एनीकट बैराज का टेंडर इसी माह जारी कर दिया जाएगा।

शहडोल नगर में 170 करोड़ रुपये की लागत से चल रही सीवरेज परियोजना की समीक्षा करते हुए उप मुख्यमंत्री ने मार्च माह तक कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पतली गलियों में भी सीवरेज लाइन का विस्तार किया जाए तथा क्षतिग्रस्त सड़कों का रेस्टोरेशन कराया जाए। परियोजना पूर्ण होने पर नागरिकों को डेमोंस्ट्रेशन के माध्यम से बताया जाएगा कि किस प्रकार गंदे पानी के शोधन से शहर को बीमारियों से बचाया जा रहा है। परियोजना के अंतर्गत 213 किलोमीटर नेटवर्क में से अब तक 140 किलोमीटर का कार्य पूर्ण हो चुका है।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने जयसिंहनगर बायपास, ब्यौहारी रिंग रोड, शहडोल–उमरिया मार्ग एवं टेटका–शहडोल मार्ग की प्रगति की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि सभी प्रस्ताव शीघ्र शासन को प्रेषित किए जाएं तथा निर्माण कार्यों में आने वाली समस्याओं का निराकरण अधिकारी स्वयं पहल करते हुए करें। बैठक में बताया गया कि शहडोल बायपास स्थित फ्लाईओवर का निर्माण एक माह में पूर्ण कर लिया जाएगा।

जिला विकास सलाहकार समिति के सदस्यों ने संभागीय मुख्यालय शहडोल में मेडिकल कॉलेज के संचालन के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव एवं उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल का आभार व्यक्त किया। सदस्यों के सुझावों के अनुरूप उप मुख्यमंत्री ने मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस सीटों को 100 से बढ़ाकर 200 करने, पीजी कक्षाएं प्रारंभ करने, ब्लड बैंक संचालन, मेडिकल कॉलेज के लिए अतिरिक्त भूमि आवंटन, नर्सिंग कॉलेज निर्माण में तेजी तथा बस स्टैंड से मेडिकल कॉलेज तक सड़क निर्माण के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि हर नागरिक को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि शुद्ध पेयजल उपलब्ध होने से बीमारियों में कमी आएगी और अस्पतालों में मरीजों की संख्या घटेगी। उन्होंने बताया कि जिले में जल जीवन मिशन अंतर्गत 4 समूह नल-जल परियोजनाएं एवं 636 एकल नल-जल योजनाएं स्वीकृत हैं, जिनमें से 434 पूर्ण हो चुकी हैं। शेष योजनाओं को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।

एकल नल-जल योजनाएं पर्याप्त जल स्रोत के अभाव में असफल हो रही हैं, इसे ध्यान में रखते हुए बाणसागर से पेयजल आपूर्ति हेतु 780 करोड़ रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। इसके साथ ही जिले में सिंचाई रकबा बढ़ाने के लिए प्रस्तावित 4 माइक्रो एरिगेशन योजनाओं की स्वीकृति में आ रही बाधाओं पर उप मुख्यमंत्री ने भोपाल में संबंधित अधिकारियों से चर्चा की। 2500 करोड़ रुपये की लागत वाली इन योजनाओं की स्वीकृति शीघ्र मिलने की संभावना है।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने जिले के औद्योगिक विकास पर जोर देते हुए कहा कि रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव में प्राप्त औद्योगिक इकाइयों की स्थापना के लिए प्राथमिकता के साथ भूमि उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने एमपीआईडीसी के माध्यम से इंडस्ट्रियल पार्क की स्थापना के लिए 1500 एकड़ भूमि आरक्षित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सड़क, बिजली, पानी एवं भूमि जैसी मूलभूत सुविधाएं जिले में उपलब्ध हैं, इन संसाधनों का उपयोग कर औद्योगिक निवेश को बढ़ावा दिया जाए, जिससे स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिल सकें।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि रासायनिक उर्वरकों के अधिक उपयोग से मानव स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है। जिले में संचालित गौशालाओं से जुड़े क्षेत्रों में चरणबद्ध तरीके से प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। इसके लिए जन जागरूकता अभियान चलाने, बायो रिसोर्स सेंटर स्थापित करने तथा किसानों को घनजीवामृत, जीवामृत एवं अन्य जैविक उर्वरकों के निर्माण एवं उपयोग हेतु प्रोत्साहित करने को कहा गया।

बैठक में जयसिंहनगर विधायक श्रीमती मनीषा सिंह ने जयसिंहनगर, खन्नौधी, गोहपारू एवं शहडोल नगर में राजाबाग से बाणगंगा तिराहा तक फोर लेन सड़क निर्माण का सुझाव दिया। ब्यौहारी विधायक श्री शरद जुगलाल कोल ने ब्यौहारी रिंग रोड शीघ्र प्रारंभ कराने, जल संसाधन विभाग की प्रस्तावित 4 माइक्रो एरिगेशन योजनाओं को स्वीकृति दिलाने तथा हिरवार उद्वहन सिंचाई योजना के लिए विद्युत आपूर्ति शीघ्र पूर्ण कराने का सुझाव दिया।

जिला विकास सलाहकार समिति के सदस्यों द्वारा जिले में राजस्व मंडल की स्थापना, गोहपारू से खन्नौधी मार्ग का चौड़ीकरण, टेक्निकल ग्राउंड में खेल मैदान, परीक्षा केंद्र, इंडस्ट्रियल पार्क एवं स्टील प्लांट जैसे विकास कार्यों के सुझाव भी प्रस्तुत किए गए।

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