भोपाल। मध्य प्रदेश के जनजातीय कार्य मंत्री विजय शाह के खिलाफ चल रहे विवादित बयान मामले में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस ने राज्य सरकार पर मंत्री को बचाने का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ अभियोजन चलाने की अनुमति देने की मांग की है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार के नेतृत्व में कांग्रेस विधायक दल ने राज्यपाल से मुलाकात कर इस संबंध में हस्तक्षेप की मांग की। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि मंत्री विजय शाह कानून से ऊपर नहीं हैं और यदि उनके खिलाफ जांच में अभियोजन की आवश्यकता सामने आई है तो सरकार को कार्रवाई की अनुमति देने में देरी नहीं करनी चाहिए। कर्नल सोफिया कुरैशी पर बयान से शुरू हुआ विवाद मामला मई 2025 में महू के रायकुंडा गांव में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान विजय शाह द्वारा कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर दिए गए विवादित बयान से जुड़ा है। बयान के बाद राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर व्यापक विरोध हुआ था। मामले में विशेष जांच दल (SIT) ने जांच पूरी कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 196(1)(a) के तहत अभियोजन की अनुमति मांगी थी। अभियोजन की अनुमति का मामला लंबे समय से लंबित रहने के कारण सुप्रीम कोर्ट में भी इसकी सुनवाई हुई। अदालत ने मध्य प्रदेश सरकार को इस मामले में निर्णय लेने के लिए समय दिया था और देरी को लेकर सख्त रुख भी अपनाया था। राज्यपाल से हस्तक्षेप की मांग कांग्रेस का आरोप है कि सरकार द्वारा अभियोजन की अनुमति के मामले में लगातार देरी की जा रही है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने राज्यपाल से मांग की कि मामले में निष्पक्ष कानूनी प्रक्रिया सुनिश्चित की जाए और मंत्री के खिलाफ कानून के मुताबिक कार्रवाई का रास्ता साफ किया जाए। वहीं, सरकार की ओर से इस मामले में कैबिनेट स्तर पर अभियोजन की अनुमति को लेकर निर्णय की प्रक्रिया चली है। इसके बाद राज्यपाल की भूमिका भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है। सुप्रीम कोर्ट में भी मामला विजय शाह प्रकरण को लेकर सुप्रीम कोर्ट में भी सुनवाई हो चुकी है। इससे पहले अदालत ने सरकार से अभियोजन की अनुमति के संबंध में स्थिति स्पष्ट करने को कहा था। ऐसे में कांग्रेस द्वारा राज्यपाल से की गई मांग ने इस पूरे मामले को एक बार फिर प्रदेश की राजनीति के केंद्र में ला दिया है। अब निगाहें सरकार और राज्यपाल के स्तर पर होने वाली आगामी कार्रवाई पर टिकी हैं। मामला राजनीतिक विवाद के साथ-साथ कानूनी प्रक्रिया से भी जुड़ा हुआ है।यदि चाहें तो मैं इसी खबर का , और ज्यादा दमदार हेडिंग, 5 SEO टाइटल और मेटा डिस्क्रिप्शन भी बना सकता हूं।फेसबुक पोस्ट