सीधी(ईन्यूज एमपी)- जिले में आज लोकायुक्त रीवा की टीम ने बड़ी ट्रैप कार्रवाई करते हुए सहायक परियोजना भू-अर्जन अधिकारी भूपेन्द्र पांडेय को एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। कार्रवाई भू-अर्जन शाखा कार्यालय में की गई। लोकायुक्त से मिली जानकारी के अनुसार फरियादी शिव बहोर तिवारी निवासी सदला ने शिकायत दर्ज कराई थी कि राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) फोरलेन सड़क चौड़ीकरण में उसकी भूमि अधिग्रहित हुई है। कुल 27 लाख रुपये के मुआवजे में से 50 प्रतिशत राशि देने की मांग संबंधित अधिकारी द्वारा की जा रही थी। आरोप है कि एक लाख रुपये पूर्व में एडवांस के रूप में लिए जा चुके थे, जबकि एक लाख रुपये की राशि आज ट्रैप के दौरान ली जा रही थी। शिकायत की पुष्टि के बाद लोकायुक्त टीम ने योजना बनाकर जाल बिछाया और निर्धारित राशि लेते समय भूपेन्द्र पांडेय को रंगे हाथों पकड़ लिया। कार्रवाई के दौरान आवश्यक दस्तावेजी कार्यवाही की गई। टीआई लोकायुक्त एस.आर. मरावी ने कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि शिकायत सत्य पाए जाने पर ट्रैप की कार्रवाई की गई है। आरोपी अधिकारी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज किया जा रहा है। बताया गया है कि संबंधित अधिकारी पूर्व में भी लोकायुक्त की कार्रवाई का सामना कर चुके हैं। आय से अधिक संपत्ति के एक मामले में उनके विरुद्ध प्रकरण लंबित है। ऐसे में पुनः रिश्वत लेते पकड़े जाने से विभाग में हड़कंप की स्थिति है। लोकायुक्त की इस कार्रवाई के बाद भू-अर्जन शाखा सहित संबंधित कार्यालयों में चर्चा का माहौल बना हुआ है। आगे की वैधानिक कार्रवाई जारी है।