स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव, 27 से 30 जुलाई तक कई जिलों में भारी से अति भारी बारिश की चेतावनी भोपाल(ईन्यूज एमपी)- मध्य प्रदेश में एक बार फिर मानसून ने रफ्तार पकड़ ली है। प्रदेश में सक्रिय मजबूत मौसम प्रणाली के कारण अगले चार दिनों तक तेज बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने सोमवार को प्रदेश के 6 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है, जबकि 50 से अधिक जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार अगले 24 घंटे के दौरान उमरिया, शहडोल, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट जिलों में भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास, रतलाम, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, सिवनी, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मऊगंज, मैहर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में कहीं हल्की तो कहीं तेज बारिश होने के आसार हैं। मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार प्रदेश से मानसून ट्रफ गुजर रही है। इसके साथ ही एक निम्न दाब क्षेत्र (लो प्रेशर एरिया) और डिप्रेशन भी सक्रिय है। आने वाले दिनों में पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टरबेंस) के सक्रिय होने से बारिश की गतिविधियां और बढ़ेंगी। इसी वजह से 27 से 30 जुलाई के बीच कई जिलों में भारी से अति भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गई है। बारिश के आंकड़ों की बात करें तो प्रदेश में अब तक औसतन 13.2 इंच (334.9 मिमी) वर्षा दर्ज की गई है, जबकि इस समय तक 15.5 इंच (395.2 मिमी) बारिश हो जानी चाहिए थी। यानी प्रदेश में अब भी सामान्य से करीब 15 प्रतिशत कम बारिश हुई है। पूर्वी मध्य प्रदेश में यह कमी 18 प्रतिशत और पश्चिमी हिस्से में 13 प्रतिशत दर्ज की गई है। हालांकि कुछ जिलों में बारिश की स्थिति बेहतर रही है। प्रदेश के 14 जिलों में सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई है, जबकि 41 जिले अब भी सामान्य से कम बारिश की श्रेणी में हैं। मौसम विभाग ने लोगों को नदी-नालों से दूरी बनाए रखने, जलभराव वाले क्षेत्रों में सावधानी बरतने और मौसम विभाग की एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी है।