भोपाल(ईन्यूज एमपी)- मध्यप्रदेश में मानसून की आधिकारिक एंट्री भले अभी नहीं हुई हो, लेकिन प्री-मानसून गतिविधियां पूरे प्रदेश में जोर पकड़ चुकी हैं। शुक्रवार सुबह झाबुआ में तेज बारिश हुई, जबकि गुरुवार शाम राजधानी भोपाल में करीब 70 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से चली आंधी और बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। कई स्थानों पर पेड़ और टहनियां गिरने से यातायात बाधित रहा। देवास जिले में बारिश के दौरान एक बड़ा हादसा टल गया। मसुरिया-भंडारिया मार्ग पर एक कार रपटे में बह गई, हालांकि कार में सवार चार लोगों ने समय रहते कूदकर अपनी जान बचा ली। मौसम विभाग ने शुक्रवार को भोपाल, इंदौर समेत प्रदेश के लगभग 45 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया है। नीमच, मंदसौर, आगर-मालवा, श्योपुर, शिवपुरी, अशोकनगर, सागर और दमोह जिलों में 60 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने की संभावना जताते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। गुरुवार को अधिकांश शहरों का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहा। नौगांव 42.5 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म शहर रहा। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार केरल में 4 जून को मानसून पहुंच चुका है। सामान्य परिस्थितियों में केरल पहुंचने के करीब 15 दिन बाद मानसून मध्यप्रदेश में प्रवेश करता है। इस आधार पर प्रदेश में 20 से 22 जून के बीच मानसून की दस्तक की संभावना जताई जा रही है।