भोपाल(ईन्यूज एमपी)- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के मुख्य महाप्रबंधक ए. के. जैन को पद से हटा दिया है। ए. के. जैन ने हाल ही में ऐसा आदेश जारी किया था, जिसमें कृषि फीडर पर 10 घंटे से अधिक बिजली आपूर्ति होने पर अधिकारियों का वेतन काटने का प्रावधान किया गया था। आदेश के विरोध और विवाद बढ़ने के बाद मुख्यमंत्री ने तत्काल प्रभाव से कार्रवाई करते हुए उन्हें पद से हटा दिया। जानकारी के अनुसार, 3 नवंबर को जारी इस आदेश में कहा गया था कि यदि किसी दिन कृषि फीडर पर 10 घंटे से अधिक बिजली दी जाती है तो संबंधित ऑपरेटर का वेतन काटा जाएगा। दो दिन लगातार अधिक आपूर्ति पर कनिष्ठ अभियंता, पांच दिन पर उपमहाप्रबंधक और सात दिन पर महाप्रबंधक का वेतन काटने के निर्देश दिए गए थे। इस आदेश का किसान संगठनों और विपक्षी दलों ने विरोध किया था। उनका कहना था कि सरकार किसानों को अधिक बिजली देने पर दंडित कर रही है। मामले की जानकारी मिलने पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आदेश को किसान विरोधी बताते हुए तत्काल निरस्त कर दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों को पर्याप्त बिजली आपूर्ति देना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रदेश के किसानों को प्रतिदिन 10 घंटे तक निर्बाध बिजली उपलब्ध कराई जाए। विवादित आदेश के निरस्त होने के बाद सरकार ने संबंधित अधिकारी को पद से हटाने की कार्रवाई की है।