सीधी(ईन्यूज एमपी)- जिले के कुसमी जनपद पंचायत अंतर्गत टमसार में आज, 24 अक्टूबर से तीन दिवसीय नगाड़ा उत्सव का आगाज होगा। मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग एवं जिला प्रशासन सीधी के संयुक्त सहयोग से 24 से 26 अक्टूबर 2026 तक आयोजित होने वाले इस उत्सव में मध्यप्रदेश सहित आठ राज्यों के पारंपरिक लोकनृत्यों की प्रस्तुतियां होंगी। पी.एम.श्री उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, टमसार में प्रतिदिन शाम 7 बजे से सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उत्सव में हरियाणा, छत्तीसगढ़, कर्नाटक, झारखंड, महाराष्ट्र, केरल और ओडिशा के लोक कलाकार अपनी पारंपरिक प्रस्तुतियों के माध्यम से देश की विविध सांस्कृतिक विरासत की झलक पेश करेंगे। तीन दिनों तक चलने वाले इस आयोजन में लोकनृत्य, पारंपरिक वाद्ययंत्र और क्षेत्रीय लोककलाएं प्रमुख आकर्षण रहेंगी। पहले दिन छह लोकनृत्यों की प्रस्तुति नगाड़ा उत्सव के पहले दिन 24 अक्टूबर को मध्यप्रदेश के तालकचहरी, गुदुमबाजा एवं घसियाबाजा नृत्य प्रस्तुत किए जाएंगे। इनके साथ हरियाणा का बनचारी, छत्तीसगढ़ का गौर और कर्नाटक का ढोलुकुनीथा नृत्य दर्शकों को देखने मिलेगा। दूसरे दिन दिखेगी आठ राज्यों की सांस्कृतिक झलक 25 अक्टूबर को उत्सव के दूसरे दिन मध्यप्रदेश के गुदुमबाजा एवं भड़म नृत्य की प्रस्तुति होगी। इसके अलावा हरियाणा का बनचारी, झारखंड का उरांव, छत्तीसगढ़ का गौर, महाराष्ट्र का लेझिम, कर्नाटक का ढोलुकुनीथा, केरल का चेंडा मेलम और ओडिशा का दुलदुली नृत्य कार्यक्रम का हिस्सा होंगे। 26 अक्टूबर को होगा समापन तीन दिवसीय उत्सव का समापन 26 अक्टूबर को होगा। अंतिम दिन मध्यप्रदेश के भड़म, तालकचहरी एवं गुदुमबाजा नृत्य के साथ झारखंड का उरांव, महाराष्ट्र का लेझिम, केरल का चेंडा मेलम और ओडिशा का दुलदुली नृत्य प्रस्तुत किया जाएगा। लोकसंस्कृति और परंपराओं से रूबरू होंगे दर्शक नगाड़ा उत्सव का उद्देश्य विभिन्न क्षेत्रों की लोककला, पारंपरिक नृत्य और सांस्कृतिक विरासत को मंच प्रदान करना है। इस आयोजन के माध्यम से स्थानीय लोगों को देश के अलग-अलग राज्यों की लोकपरंपराओं को करीब से देखने और समझने का अवसर मिलेगा। टमसार में आयोजित होने वाला यह उत्सव लोकसंस्कृति के संरक्षण और संवर्धन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।