भोपाल(ईन्यूज एमपी)- 'कहावत है कि हमने भगवान नहीं देखा, लेकिन कष्ट से समय जब हम डॉक्टरों को अपना इलाज करते देखते हैं और ठीक होते हैं तो हमें लगता है कि माता-पिता के बाद यही भगवान हैं, जो हमारे सामने खड़े हैं। मुझे इस बात की प्रसन्नता है कि हमारे सभी फील्ड के डॉक्टरों का रिकॉर्ड तारीफ के काबिल है। हमने सरकार के गठन के साथ ही स्वास्थ्य को प्राथमिकता पर रखा। यही कारण है कि हमने स्वास्थ्य क्षेत्र में कई प्रयोग भी किए। हमने दो मंत्रालयों को एक किया, भले ही यह चुनौतीपूर्ण था।' यह बात मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 28 जून को आरसीव्हीपी नरोन्हा प्रशासन एवं प्रबंधकीय अकादमी में कही। सीएम डॉ. यादव ने यहां पल्स पोलियो अभियान और सुमन पंचायत कार्यक्रम की शुरुआत की। उन्होंने स्टेट एंट्रीबेक्टीरियल रेजिस्टेंस 2.0 पॉलिसी का अनावरण भी किया। उन्होंने एचपीवी टीकाकरण अभियान और स्वस्थ यकृत मिशन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जिलों को सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि कोरोना के समय जब पूरी दुनिया में हाहाकार मचा था, उस दौर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में डॉक्टरों की मदद से हम उस विभीषिका से बाहर निकले। जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लॉकडाउन की घोषणा की थी, उस वक्त मैं डर गया था। प्रधानमंत्री मोदी की दृढ़ इच्छाशक्ति, उनका आप पर, जनता पर, देश की क्षमता पर जो विश्वास था, उसका परिणाम हमें मिला। कोविड के उस दौर में दुनिया ने भारत को इस बीमारी से निपटते भी देखा और इससे बचकर आगे बढ़ते भी देखा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने कई संकल्प हाथ में लिए। देश की सुरक्षा केवल सीमाओं की रक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि सीमाओं के पार से आने वाले स्वास्थ्य संकटों से मुकाबला करना भी उतना ही आवश्यक है। स्वास्थ्य विभाग की स्टेट एंटीमाइक्रोबियल रेजिस्टेंस 2.0 पॉलिसी इसी सोच का सशक्त उदाहरण है और वास्तव में एक अतुलनीय पहल है। स्वास्थ्य के प्रति सजग रहना हम सभी की जिम्मेदारी है। हम 'सर्वे सन्तु निरामया' के मंत्र पर चलते हैं, लेकिन यह केवल बोलने से नहीं होता। यह हमारी संस्कृति का मूल भी है, अंत्योदय सुशासन का संकल्प भी है। यह मंत्र युवा-नारी-गरीब-किसान के कल्याण के लिए समग्र रूप से काम करता है। *बड़े स्तर पर चल रहा पोलियो अभियान* मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आयुष्मान योजना के लिए 60 करोड़ से अधिक भाई-बहनों को रक्षा कवच प्रदान किया। पुराने दौर में लगता था कि बीमारी का इलाज कराने विदेश जाना होगा, वह भी बीमा पॉलिसी के भरोसे। लेकिन, आज बीमा पॉलिसी के भरोसे आज विदेश में भी बड़े पैमाने पर लोग भारत की तरफ देख रहे हैं। भारत ने स्वास्थ्य क्षेत्र में जहां चाहो इलाज कराओ का रास्ता निकाला है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 12 वर्ष का कार्यकाल हमारे लिए वरदान है। उनके माध्यम से हमारे बड़े-बड़े लक्ष्य पूरे हो रहे हैं। प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, आयुष्मान भारत योजना, टीबी मुक्त भारत अभियान, यकृत मिशन, सिकल सेल उन्मूलन, एक के बाद एक योजनाओं से भारत की जनता को लाभ मिला है। उन्होंने कहा कि मुझे इस बात की प्रसन्नता है कि जब लाड़ली बेटियों को सर्वाइकल कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी से बचाने का भी संकल्प लिया गया है। मातृ दो महीन में हमारे विभाग ने इस बीमारी के टीकाकरण का 96 फीसदी लक्ष्य हासिल कर लिया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि पल्स पोलियो अभियान के लिए प्रदेश में 1400 विशेष मोबाइल टीमें बनी हैं। 43 हजार टीमें घर-घर जाकर वैक्सीनेशन करेंगी। 1 लाख 66 हजार वैक्सीनेटर्स और 26 हजार सुपरवाइजर इस अभियान में लगे हैं। प्रदेश में 83 हजार पोलियो बूथ स्थापित किए गए हैं। मैं अभियान के लिए सभी को शुभकामनाएं देता हूं।